मोटापा कम करना कोई बड़ी बात नहीं है, बस इस्तेमाल करें ये घरेलू नुस्खे

हेल्थ टिप्स- आज के समय में मोटापा एक गंभीर समस्या बनती जा रही है. इससे बहुत सारे लोग परेशान हैं. मोटापा महिला व पुरुष दोनों में समान रूप से होने वाली समस्या है. मोटापा एक ऐसी स्थिति है जो शरीर में वसा अधिक भंडारण होता है. मोटापा की समस्या सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में बढ़ रही है. मोटापा को कम करने के लिए लोग न जाने कई तरह के उपाय अपनाते हैं तो कुछ लोग खाना कम कर देते हैं. हालाँकि खाना कम करना मोटापा कम करने की कोई उपाय नहीं है. बल्कि ऐसा करने से स्वास्थ्य उल्टा नुकसान होने लगता है और दूसरी बीमारियां हमारे शरीर में घर करने लगती है, इसलिए यदि आप भी मोटापे से परेशान हैं और इसे कम करना चाहते हैं तो इन घरेलू उपायों की मदद आप मोटापे की समस्या से छुटकारा पा सकते हैं.

मोटापा कम करना कोई बड़ी बात नहीं है, बस इस्तेमाल करें ये घरेलू नुस्खे

किन कारणों से हो जाती है मोटापा ?

मोटापा होने के कारण कई कारण शामिल हो सकते हैं जैसे- व्यायाम नहीं करना, भरपूर नींद नहीं लेना, अधिक घी, तेल आदि चीजों का सेवन करना, आनुवांशिक विकार, हार्मोन असंतुलन, हमेशा तनाव में रहना, आसान जीवन शैली, गर्भावस्था, अधिक मात्रा में शराब का सेवन करना इत्यादि.

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मोटापा बढ़ना जितना आसान है उतना ही घटाना मुश्किल होता है. केवल व्यायाम करने से ही वजन कम नहीं होगा बल्कि सही आहार का पालन मोटापा कम करने के लिए उतना ही महत्वपूर्ण है.

मोटापा कम करना कोई बड़ी बात नहीं है, बस इस्तेमाल करें ये घरेलू नुस्खे

मोटापा कम करने से पहले आप अपना वजन कम करने का प्रयास शुरू करें. आप अपना बीएमआई माप लें. बीएमआई आपको यह बताता है कि आप की ऊंचाई और आपकी उम्र के अनुसार आपका वजन कितना होना चाहिए. यह आपको बताएगा कि आपको कितना वजन कम करने की जरूरत है. यह जानने के बाद आप नीचे बताए गए घरेलू नुस्खों और टिप्स का उपयोग कीजिए. आपको कुछ ही दिनों में मोटापा से राहत मिलेगी. आप खुद को हल्का एवं तंदुरुस्त महसूस करेंगे.

मोटापा कम करने के घरेलू नुस्खे-

1 .भरपूर मात्रा में पिएं पानी-

मोटापा कम करना कोई बड़ी बात नहीं है, बस इस्तेमाल करें ये घरेलू नुस्खे

भरपूर मात्रा में पानी पीना मोटापा को कम करने में काफी मददगार हो सकता है. इसके लिए दिन भर में कम से कम 8 से 10 गिलास पानी का सेवन कीजिए. लेकिन इस बात का ध्यान रखें जब भी पानी पिए तो आराम से पानी पिएं. एक ही घुट में न निगल जाएँ. पानी में इलेक्ट्रोलाइट्स होते हैं जो वजन को कम करने में मददगार होते हैं.

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2 .खाली पेट पिएं शहद और नींबू पानी-

शहद और नींबू एक साथ शरीर के वजन को नियंत्रित करने के लिए बेहतर उपाय है इसके लिए गुनगुने पानी के गिलास लें. अब उसमें एक चम्मच शहद, एक चम्मच नींबू का रस और काली मिर्च डालकर अच्छी तरह से मिलाकर इस मिश्रण को सुबह खाली पेट पिएं. यह मोटापा को कम करने में काफी मददगार होगा.

3 .करें ग्रीन- टी का सेवन-

ग्रीन- टी एक शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट है जो जिद्दी और कठोर वसा को जलाती है. इसका सेवन प्रतिदिन बिना चीनी मिलाएं करें.

4 .पिए गाजर का जूस-

पेट के मोटापे को कम करने के लिए गाजर का जूस बहुत ही अच्छा उपाय है. यदि आप प्रतिदिन सुबह खाली पेट एक गिलास गाजर का जूस पीते हैं तो निश्चित रूप से आपका पेट कम होने लगेगा.

5 .करें सलाद का सेवन-

नियमित सलाद का सेवन मोटापे को कम करने में मददगार होता है क्योंकि आपके द्वारा खाए गए भोजन को सलाद आसानी से पचा देता है. इसके लिए आप पत्ता गोभी, मुली, गाजर, टमाटर, बीट, प्याज को काटकर इसमें नींबू का रस निचोड़ हल्का काला नमक का छिड़काव करके सेवन करें.

6 .उचित समय पर सोना और जगना-

उचित समय पर सोना और जगना सेहत और दिमाग दोनों के लिए फायदेमंद होता है. इसलिए बिस्तर पर जाने का सबसे अच्छा समय रात को 9:00 से 10:00 और सुबह जगने का समय 4:00 से 5:00 या अधिकतम 6:00 बजे तक का है. यह इसलिए है क्योंकि हमारा शरीर प्रकृति के साथ एक संगठित तरीके से काम करते हैं और प्राकृतिक चक्र का पालन हमें स्वाभाविक रूप से मोटापे सहित कई स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से छुटकारा दिलाने में मदद करता है.

7 .समय पर करें भोजन-

दिन में तीन बार भोजन करना आदर्श है जब तक आपके रक्त में शर्करा का स्तर कम ना हो एक स्वस्थ नाश्ते, शानदार मध्यान भोजन और एक हल्के रात्रि भोजन की सिफारिश की जाती है. आपका जिगर दोपहर के दौरान सबसे अच्छा काम करता है इसलिए आपका भारी भोजन दोपहर में होना चाहिए. इसके अलावा स्वस्थ और प्रकृति डिटॉक्सिफिकेशन के लिए हमारे जिगर को रात में हल्का भोजन की जरूरत होती है. इसलिए आपका रात्रि भोजन हल्का होना चाहिए.

8 .पाचन में सहायता के लिए करें इन चीजों का सेवन-

आयुर्वेद के अनुसार वजन में वृद्धि अक्सर अनुचित पाचन या पाचन शक्ति की कमी के कारण होती है. पाचन में वृद्धि बढ़ाने वाले खाद्य पदार्थ वजन घटाने में मदद करते हैं. पाचन को बढ़ावा देने और पाचन में वृद्घि करने वाले खाद्य पदार्थों में अदरक, पपीता, कड़वा, लहसुन, मिर्च, नींबू, सलाद आदि शामिल है इसलिए इनका नियमित सेवन करें.

9 .सप्ताह में एक दिन करें उपवास-

आयुर्वेद में सप्ताह में एक बार उपवास करने की सलाह दी गई है. पाचन तंत्र के डिटॉक्सिफिकेशन और कुशल कामकाज के लिए आपको सप्ताह में एक दिन का उपवास रखना चाहिए.

10 .रात को सोने से पहले करें त्रिफला चूर्ण का सेवन-

यदि आप मोटापे की समस्या से परेशान है तो त्रिफला चूर्ण यानी हरे, बहेरा और आंवले का संभाग चूर्ण को त्रिफला चूर्ण कहते हैं. यदि आप मोटापे छुटकारा पाना चाहते हैं तो 100 ग्राम त्रिफला चूर्ण में 10 ग्राम खाने का सोडा को अच्छी तरह से मिलाकर सुरक्षित रखें. अब रात को खाना खाने के बाद एक चम्मच इस चूर्ण को गुनगुने पानी के साथ खूब चबाकर सेवन करें. नियमित ऐसा करने से कुछ ही दिनों में काफी फर्क नजर आएगा.

11 .करें सौंफ का सेवन-

सौंफ के बीज वजन घटाने के लिए उत्तम हर्बल तरीकों में से एक है. भारी भोजन करने के 15-20 मिनट पहले एक कप सौंफ वाली चाय पी लें. यह आपकी भूख को रोकने में मदद करेगी जिससे आप जल्दी-जल्दी नहीं खाएंगे और मोटापे को रोकने में मदद मिलेगी.

12 .करें टमाटर का सेवन-

मोटापे को कम करने टमाटर बहुत ही अच्छा उपाय है. यदि आप लगभग 2 महीने तक सुबह नाश्ते में सिर्फ दो टमाटर खा लें तो निश्चित ही आपका वजन कम हो जाएगा.

13 .करें मेथी दाने का सेवन-

मेथी का सेवन कई तरह के स्वास्थ्य लाभ के लिए किया जाता है. यह एक आयुर्वेदिक मसाला है जिसका उपयोग आप वजन को कम करने के लिए कर सकते हैं. मेथी में मौजूद औषधीय गुण आपके पाचन तंत्र को स्वस्थ बनाने में मददगार होते हैं.

मेथी में जो ग्लैक्टोमानन नामक एक घटक होता है जो पानी में घुलनशील होता है यह भूख की भावना को कम करता है ताकि आप बार-बार भोजन छुटकारा पा सकते हैं. इसके अलावा मेथी का सेवन मेटाबॉलिक रेट को बढ़ाता है. इन लाभों को प्राप्त करने के लिए आपको बस कुछ मेथी दानों को लेना है और उन्हें भूनना है इसके बाद इसे पीसकर पाउडर बनाकर सुरक्षित रख लें अब इस में से सुबह खाली पेट 3 से 5 ग्राम की मात्रा में पानी के साथ सेवन करें.

नोट- यह लेख शैक्षणिक उद्देश्य से लिखा गया है यह किसी इलाज का विकल्प नहीं है अतः किसी भी प्रयोग से पहले योग्य चिकित्सक की सलाह जरूर लें. धन्यवाद.

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मैं आयुर्वेद चिकित्सक हूँ और जड़ी-बूटियों (आयुर्वेद) रस, भस्मों द्वारा लकवा, सायटिका, गठिया, खूनी एवं वादी बवासीर, चर्म रोग, गुप्त रोग आदि रोगों का इलाज करता हूँ।

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